नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष नितिन नबीन की नई संगठनात्मक टीम को लेकर पार्टी के भीतर तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। सूत्रों के अनुसार, नई टीम का आधिकारिक ऐलान इसी सप्ताह किया जा सकता है। बताया जा रहा है कि टीम के गठन को लेकर पिछले कई सप्ताह से व्यापक स्तर पर मंथन चल रहा था। हालांकि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया विदेशी दौरों के कारण अंतिम निर्णय में कुछ समय लगा, लेकिन अब इस पर अंतिम मुहर लग चुकी है।
भाजपा के सबसे युवा प्रदेश अध्यक्षों में शामिल नितिन नबीन की नई टीम में इस बार कई नए और चौंकाने वाले चेहरों को जगह मिलने की संभावना जताई जा रही है। साथ ही संगठन के अनुभवी नेताओं का अनुभव भी नई टीम में शामिल किया जाएगा, ताकि संगठनात्मक संतुलन बना रहे।
सूत्रों का कहना है कि नई कार्यकारिणी में महिलाओं और युवा नेताओं की भागीदारी पहले की तुलना में अधिक होगी। पार्टी संगठन में नई ऊर्जा और नई सोच को बढ़ावा देने के उद्देश्य से युवा नेतृत्व को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं।
इसके अलावा, विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों को भी संगठन में महत्वपूर्ण दायित्व दिए जाने की चर्चा है। माना जा रहा है कि सामाजिक, शैक्षणिक, तकनीकी और पेशेवर क्षेत्रों से जुड़े अनुभवी लोगों को भी संगठनात्मक जिम्मेदारियों में शामिल किया जा सकता है, जिससे पार्टी की कार्यशैली को और प्रभावी बनाया जा सके।
सूत्रों के मुताबिक, भाजपा के केंद्रीय मीडिया विंग के पुनर्गठन की भी व्यापक योजना तैयार की गई है। मीडिया और डिजिटल संचार को अधिक सशक्त बनाने के उद्देश्य से इस विंग को नए सिरे से संगठित किया जाएगा, जिसमें अनुभवी पदाधिकारियों के साथ नई प्रतिभाओं को भी अवसर मिलने की संभावना है।
पिछले कुछ सालों में बीजेपी का दायरा देश भर में बहुत तेजी से फैला है, लेकिन उस अनुपात में पार्टी का सांगठनिक ढांचा नहीं बदला। इसकी वजह से केंद्रीय नेतृत्व पर काम का दबाव बहुत ज्यादा बढ़ गया था। अब इस ढांचे को पूरी तरह से आधुनिक और चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए तीन बड़े प्रस्तावों पर काम हो रहा है। बीजेपी के राष्ट्रीय पदाधिकारियों की मौजूदा संख्या 45 है, जिसे बढ़ाकर 60 करने का प्रस्ताव है ताकि काम का सही बंटवारा हो सके। इसके अलावा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के ‘क्षेत्र प्रचारकों’ की तर्ज पर एक नया मॉडल तैयार किया जा रहा है। इसके तहत देश के खास और बड़े इलाकों की सीधी जिम्मेदारी पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और खुद अध्यक्ष नितिन नबीन के कंधों पर होगी। पार्टी के सबसे बड़े नीति-नियंता बोर्ड में कई खाली पदों को भरा जाएगा और नए समीकरणों के हिसाब से नेताओं को एंट्री मिलेगी।
हालांकि, पार्टी की ओर से अभी तक नई टीम को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। ऐसे में सभी की निगाहें इस सप्ताह होने वाले संभावित ऐलान पर टिकी हैं। राजनीतिक हलकों में भी इस नई टीम को लेकर काफी उत्सुकता बनी हुई है, क्योंकि इससे संगठन की आगामी रणनीति और कार्यशैली की दिशा तय होने की उम्मीद है।

